पंचांग
दिल्ली का पंचांग, शनिवार २२ मई 2027
आपने दिल्ली चुना है। इस पेज पर दिए समय और तारीखें उत्तर भारत क्षेत्र के लिए हैं, जिनकी गणना दिल्ली के लिए की गई है। दिल्ली में समय अलग हो सकता है, और कोई त्योहार किसी दूसरे दिन पड़ सकता है।
त्योहारों की इन तारीखों का मिलान अभी किसी छपे हुए पंचांग से नहीं किया गया है।
पंचांग के पाँच अंग और मास
- तिथि
- द्वितीया (17:23:36 – 18:48:28)
- नक्षत्र
- ज्येष्ठा (14:50:43 – 16:49:58)
- योग
- सिद्ध (22:14:31 – 22:27:03)
- करण
- तैतिल (17:23:36 – 06:02:17)
- वार
- शनिवार (05:27:20 – 05:26:54)
- मास (अमांत)
- वैशाख
- मास (पूर्णिमांत)
- ज्येष्ठ
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वसंत
- अयन
- उत्तरायण
- संवत्सर
- प्लवंग
- संवत
- विक्रम संवत 2084, शक संवत 1949
सूर्य और चंद्रमा
- सूर्योदय
- सूर्यास्त
- मध्याह्न
- चंद्रोदय
- चंद्रास्त
- चंद्र कला
- पूर्णिमा
- चंद्रमा का प्रकाशित भाग
- ९८%
- चंद्र राशि
- वृश्चिक, तक
- सूर्य राशि
- वृषभ
राहुकाल और टालने योग्य समय
- राहु काल
- –
- यमगंड
- –
- गुलिक काल
- –
- गंड मूल
- –
शुभ समय
- अभिजीत मुहूर्त
- –
- आनंदादि योग
- –
- ब्रह्म मुहूर्त
- –
- गोधूलि मुहूर्त
- –
- निशीथ मुहूर्त
- –
- प्रातः संध्या
- –
- सायं संध्या
- –
- विजय मुहूर्त
- –
चौघड़िया
दिन
| नाम | से | तक |
|---|---|---|
| काल | ||
| शुभ | ||
| रोग | ||
| उद्वेग | ||
| चर | ||
| लाभ | ||
| अमृत | ||
| काल |
रात्रि
| नाम | से | तक |
|---|---|---|
| लाभ | ||
| अमृत | ||
| काल | ||
| शुभ | ||
| रोग | ||
| उद्वेग | ||
| चर | ||
| लाभ |
होरा
| नाम | से | तक |
|---|---|---|
| शनि | ||
| गुरु | ||
| मंगल | ||
| सूर्य | ||
| शुक्र | ||
| बुध | ||
| चंद्र | ||
| शनि | ||
| गुरु | ||
| मंगल | ||
| सूर्य | ||
| शुक्र | ||
| बुध | ||
| चंद्र | ||
| शनि | ||
| गुरु | ||
| मंगल | ||
| सूर्य | ||
| शुक्र | ||
| बुध | ||
| चंद्र | ||
| शनि | ||
| गुरु | ||
| मंगल |
लग्न
| नाम | से | तक |
|---|---|---|
| वृषभ | ||
| मिथुन | ||
| कर्क | ||
| सिंह | ||
| कन्या | ||
| तुला | ||
| वृश्चिक | ||
| धनु | ||
| मकर | ||
| कुम्भ | ||
| मीन | ||
| मेष | ||
| वृषभ |
त्योहार और व्रत
जरथोस्तनो दिसोशहेनशाही पारसी पंचांग के अनुसार, यह दिन पारसी धर्म के प्रवर्तक जरथुष्ट्र की स्मृति में मनाया जाता है।
भारतीय राष्ट्रीय ज्येष्ठ आरंभभारत के राष्ट्रीय पंचांग के अनुसार एक नए सौर मास का पहला दिन।
आज ध्यान देने योग्य
- गंड मूल