पंचांग
सिंगापुर का पंचांग, रविवार १३ दिसंबर 2026
इस पेज पर दिए समय और तारीखें सिंगापुर के लिए हैं।
त्योहारों की इन तारीखों का मिलान अभी किसी छपे हुए पंचांग से नहीं किया गया है।
पंचांग के पाँच अंग और मास
- तिथि
- चतुर्थी (16:36:38 – 19:17:58)
- नक्षत्र
- उत्तराषाढा (05:34:07 – 08:42:00)
- योग
- ध्रुव (13:46:17 – 14:44:08)
- करण
- विष्टि (05:58:11 – 19:17:58)
- वार
- रविवार (06:57:19 – 06:57:47)
- मास (अमांत)
- मार्गशीर्ष
- मास (पूर्णिमांत)
- मार्गशीर्ष
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- हेमंत
- अयन
- दक्षिणायन
- संवत्सर
- पराभव
- संवत
- शक संवत 1948, विक्रम संवत 2083
सूर्य और चंद्रमा
- सूर्योदय
- सूर्यास्त
- मध्याह्न
- चंद्रोदय
- चंद्रास्त
- चंद्र कला
- बढ़ती चंद्रकला
- चंद्रमा का प्रकाशित भाग
- १३%
- चंद्र राशि
- मकर
- सूर्य राशि
- वृश्चिक
राहुकाल और टालने योग्य समय
- राहु काल
- –
- यमगंड
- –
- गुलिक काल
- –
- भद्रा
- –
- रिक्ता तिथि
- –
- विदल तिथि
- –
शुभ समय
- अभिजीत मुहूर्त
- –
- आनंदादि योग
- –
- ब्रह्म मुहूर्त
- –
- गोधूलि मुहूर्त
- –
- निशीथ मुहूर्त
- –
- प्रातः संध्या
- –
- रवि योग
- –
- सायं संध्या
- –
- विजय मुहूर्त
- –
चौघड़िया
दिन
| नाम | से | तक |
|---|---|---|
| उद्वेग | ||
| चर | ||
| लाभ | ||
| अमृत | ||
| काल | ||
| शुभ | ||
| रोग | ||
| उद्वेग |
रात्रि
| नाम | से | तक |
|---|---|---|
| शुभ | ||
| रोग | ||
| उद्वेग | ||
| चर | ||
| लाभ | ||
| अमृत | ||
| काल | ||
| शुभ |
होरा
| नाम | से | तक |
|---|---|---|
| सूर्य | ||
| शुक्र | ||
| बुध | ||
| चंद्र | ||
| शनि | ||
| गुरु | ||
| मंगल | ||
| सूर्य | ||
| शुक्र | ||
| बुध | ||
| चंद्र | ||
| शनि | ||
| गुरु | ||
| मंगल | ||
| सूर्य | ||
| शुक्र | ||
| बुध | ||
| चंद्र | ||
| शनि | ||
| गुरु | ||
| मंगल | ||
| सूर्य | ||
| शुक्र | ||
| बुध |
लग्न
| नाम | से | तक |
|---|---|---|
| वृश्चिक | ||
| धनु | ||
| मकर | ||
| कुम्भ | ||
| मीन | ||
| मेष | ||
| वृषभ | ||
| मिथुन | ||
| कर्क | ||
| सिंह | ||
| कन्या | ||
| तुला | ||
| वृश्चिक |
त्योहार और व्रत
विनायक चतुर्थीमुहूर्त: – प्रत्येक मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी को भगवान गणेश के विनायक स्वरूप का व्रत और पूजन किया जाता है।
पारसी अमरदाद आरंभशहंशाही पारसी पंचांग के अनुसार नए महीने का पहला दिन।
आज ध्यान देने योग्य
- रिक्ता तिथि
- विष्टि करण
- वार-नक्षत्र योग