धनत्रयोदशी

धनतेरस 2027 पर कौन सा यंत्र ख़रीदें, और कब

धनतेरस की साँझ दरवाज़े पर एक दीया जलता है, और घर में कुछ नया आता है। धनतेरस दिवाली का पहला दिन है, जो बुधवार 27 अक्टूबर 2027 को है। परंपरा से इस दिन घर के लिए कुछ नया ख़रीदा जाता है, और दिन ढलते लक्ष्मी जी और कुबेर देव की पूजा होती है। धनतेरस पर क्या ख़रीदें, इस सूची में अगर यंत्र भी है, तो इन्हीं दो देवताओं का यंत्र चुनें: परंपरा में महालक्ष्मी यंत्र कार्ड समृद्धि के लिए रखा जाता है और कुबेर यंत्र कार्ड बचत के लिए। जो भी चुनें, उसकी शुरुआत उसी शाम होती है। नीचे इस दिन की तारीख़, शाम की पूजा का समय, कार्ड की शुरुआत का एक छोटा तरीक़ा, और ऑर्डर की आख़िरी तारीख़ है।

परंपरा

धनतेरस क्या है, और 2027 में कब है?

धनतेरस (धन, यानी संपत्ति; तेरस, यानी त्रयोदशी) कार्तिक कृष्ण पक्ष की तेरहवीं तिथि को मनाया जाता है, आम तौर पर लक्ष्मी पूजन से दो दिन पहले। अमांत पंचांग में इस महीने को आश्विन कहते हैं, और पंचांग में इस दिन का नाम धनत्रयोदशी है।

दिन भर लोग घर के लिए कुछ नया ख़रीदते हैं: सोना या चाँदी, कोई सिक्का, या पीतल और स्टील के बर्तन, जिन्हें अक्सर शाम की पूजा में देवताओं के सामने रखा जाता है। साँझ को बहुत से घरों में लक्ष्मी जी और कुबेर देव की एक साथ पूजा होती है, और दरवाज़े पर यम के नाम का एक दीया जलाया जाता है। परंपरा में यह दिन धन्वंतरि त्रयोदशी भी है, देवताओं के वैद्य धन्वंतरि का दिन।

धनतेरस पर यंत्र क्यों ख़रीदें?

क्योंकि उस शाम की पूजा लक्ष्मी जी और कुबेर देव की होती है, और परंपरा में यंत्र रेखाओं में देवता का रूप है, जिसे आप साल भर पूजा घर में या पर्स में रखते हैं। यंत्र लंबे समय से काग़ज़ और भोजपत्र पर बनाए जाते रहे हैं, और धातु पर उकेरे भी जाते रहे हैं। अगर आपके घर में धनतेरस पर धातु ख़रीदने का रिवाज है, तो उसे भी निभाएँ; कार्ड उसकी जगह नहीं लेता। कार्ड आप एक संकल्प के साथ ख़रीदते हैं, और फिर रोज़ एक पल उसके पास लौटते हैं। संकल्प, यानी मन का एक निश्चय, एक वाक्य में।

कार्ड

  • महालक्ष्मी यंत्र कार्ड · देवी महालक्ष्मी। परंपरा में दिवाली की रात महालक्ष्मी का घर में स्वागत होता है, और साल भर समृद्धि के लिए उनका यंत्र रखा जाता है। अब आपके पर्स और पूजा घर के लिए। शाम की पूजा के लिए यही लक्ष्मी जी का यंत्र है: इसे गल्ले पर, पर्स में या ईशान कोण (उत्तर-पूर्व) में रखें।
  • कुबेर यंत्र कार्ड · कुबेर देव। कुबेर देव देवताओं के कोषाध्यक्ष हैं। इसलिए परिवार उनका यंत्र वहीं रखते हैं जहाँ अपना धन रखते हैं: गल्ले में, तिजोरी में, पर्स में। धनतेरस की शाम लक्ष्मी जी के साथ उनकी पूजा होती है। उनका कार्ड तिजोरी में या उत्तर की दीवार पर रखें।
  • अष्टलक्ष्मी यंत्र कार्ड · अष्टलक्ष्मी। एक ही यंत्र में लक्ष्मी के आठ रूप, फ़सल की धान्य लक्ष्मी से ज्ञान की विद्या लक्ष्मी तक। परंपरा में यह उस हर समृद्धि के लिए रखा जाता है जिसकी हर घर कामना करता है। चाहें तो महालक्ष्मी कार्ड की जगह इसे चुनें।
  • व्यापार वृद्धि यंत्र कार्ड · व्यापार देवता। व्यापार के लिए हमारे संग्रह का ख़ास कार्ड। दुकानदार इसे गल्ले या रिसेप्शन पर रखते हैं, अक्सर नई दुकान की पहली सुबह से ही। दुकान या कारोबार के लिए इसे धनतेरस पर गल्ले के पीछे रखें।

लक्ष्मी पूजन (29 अक्टूबर) समेत पूरे पर्व के लिए दिवाली पर कौन सा यंत्र, और कब देखें, और किसी और संकल्प के लिए यंत्र कैसे चुनें।

आपकी रोज़ की साधना के लिए एक पावन स्मृति-चिह्न। इसका महत्व पुरानी परंपरा और आस्था से आता है, और हर भक्ति-वस्तु की तरह यह किसी निश्चित फल के वादे के साथ नहीं, बल्कि प्रेम से अर्पित है। और जानें

  • पुणे में अभिमंत्रित। भेजने से पहले हर कार्ड की वैदिक पूजा।
  • ख़ास आपके लिए। भुगतान के बाद आपका नाम।
  • भारत में मुफ़्त डिलीवरी। ₹999 से ज़्यादा के ऑर्डर पर।
  • "मेरा कार्ड बनाएँ" दबाने के 1–2 कामकाजी दिनों में रवाना। भारत में 3–5 दिन, विदेश में 7–14।

सारे कार्ड देखेंअपना यंत्र चुनें

विधि

धनतेरस पर यंत्र की स्थापना कैसे करें?

शाम को, सूर्यास्त के बाद प्रदोष काल में। मुंबई में उस शाम यह समय 18:07 से 20:37 तक है। यह समय आपके शहर के सूर्यास्त के साथ बदलता है; अपने शहर का समय कैलेंडर में देखें। नीचे सात चरणों का छोटा रूप है। लगभग तीस मिनट लगते हैं, और पंडित जी को बुलाने की ज़रूरत नहीं पड़ती।

  1. धनतेरस की शाम तक कार्ड आपके हाथ में हो (ऑर्डर की तारीख़ें नीचे हैं)।
  2. पूजा घर साफ़ करके कार्ड वहाँ पूर्व की ओर रखें।
  3. घी का दीया जलाएँ और अक्षत के पाँच दाने चढ़ाएँ।
  4. कार्ड के बीज मंत्र का 108 बार जप करें। मंत्र लिफ़ाफ़े में रखे विधि कार्ड पर छपा है।
  5. साल भर के पैसों से जुड़ा अपना संकल्प एक वाक्य में कहें।
  6. रात भर कार्ड पूजा घर में ही रहने दें। दिवाली से उसे उसकी अपनी जगह पर रखें: पर्स, गल्ला या तिजोरी।

यंत्र की शुरुआत कैसे करें

ऑर्डर

धनतेरस के लिए ऑर्डर कब तक करें?

हर कार्ड भुगतान के बाद ख़ास आपके लिए बनता है, पुणे में वैदिक पूजा से अभिमंत्रित होता है, और "मेरा कार्ड बनाएँ" दबाने के बाद 1–2 कामकाजी दिनों में ट्रैकिंग वाले कूरियर से रवाना होता है। उसके बाद भारत के बड़े शहरों में 3–5 कामकाजी दिन, दूर-दराज़ के इलाक़ों में 4–7, और विदेश में 7–14 कामकाजी दिन लगते हैं (डिलीवरी और वापसी)। धनतेरस (बुधवार 27 अक्टूबर 2027) तक कार्ड आपके हाथ में पहुँच जाए, डिलीवरी में सबसे ज़्यादा दिन लगें तब भी, तो भारत में गुरुवार 14 अक्टूबर 2027 तक ऑर्डर कर दें। विदेश से मंगलवार 5 अक्टूबर 2027 तक ऑर्डर करें।

पहले आप कार्ड चुनकर भुगतान करते हैं। फिर ऐप में या वेब पर, लाइव झलक देखते हुए, नाम जोड़ते हैं; जब तक आप नाम नहीं जोड़ते, कुछ नहीं छपता। ₹999 से ज़्यादा के ऑर्डर पर भारत में डिलीवरी मुफ़्त है।

भुगतान हो चुके ऑर्डर रद्द नहीं होते। हर कार्ड आपके नाम से ख़ास आपके लिए बनता है। रिफ़ंड नीति

किसी अपने के लिए? माता-पिता के पूजा घर के लिए, या किसी जान-पहचान की दुकान के लिए, यह धनतेरस का अच्छा तोहफ़ा है। अभी भुगतान करें, नाम बाद में जोड़ें। उनका मोबाइल नंबर भी जोड़ दें, तो कार्ड भाग्य कार्ड ऐप में उनके वॉलेट तक पहुँच जाएगा।

प्रश्न

धनतेरस के यंत्र के बारे में सवाल

धनतेरस पर परंपरा से क्या ख़रीदा जाता है?

घर के लिए कुछ नया: सोना या चाँदी, कोई सिक्का, या पीतल और स्टील के बर्तन, जिन्हें अक्सर शाम की पूजा में देवताओं के सामने रखा जाता है। यंत्र कार्ड इस ख़रीदारी के साथ लिया जा सकता है; वह उसकी जगह नहीं लेता।

धनतेरस पर कौन सा यंत्र ठीक रहता है?

उस शाम की पूजा लक्ष्मी जी और कुबेर देव की होती है, इसलिए परिवार महालक्ष्मी कार्ड चुनते हैं, जो परंपरा में समृद्धि के लिए रखा जाता है, या कुबेर कार्ड, जो बचत के लिए। दुकान के लिए व्यापार वृद्धि कार्ड गल्ले के पीछे रखा जाता है।

धनतेरस पर कार्ड की शुरुआत कब करें?

शाम को, सूर्यास्त के बाद प्रदोष काल में। यह समय आपके शहर के सूर्यास्त के हिसाब से बदलता है। रात भर कार्ड पूजा घर में रहने दें, और दिवाली से उसे उसकी जगह रखें।

क्या पंडित जी की ज़रूरत है?

नहीं। ये चरण आप घर पर, अपने हाथों से कर सकते हैं। कार्ड का बीज मंत्र लिफ़ाफ़े में रखे विधि कार्ड पर छपा है।

अगर कार्ड धनतेरस के बाद पहुँचे तो?

कोई बात नहीं। उसकी शुरुआत लक्ष्मी पूजन की रात करें, या आप जो भी दिन चुनें, उस दिन सूर्योदय के समय। सातों चरण हर दिन एक जैसे ही रहते हैं।

क्या ऑर्डर रद्द या कार्ड वापस हो सकता है?

नहीं। भुगतान हो चुके ऑर्डर रद्द नहीं होते, क्योंकि हर कार्ड ख़ास आपके लिए बनता है। पर अगर कार्ड ख़राब हालत में या ग़लत छपा हुआ पहुँचे, तो डिलीवरी के 7 दिनों के भीतर हमें लिखें। हम अपने ख़र्च पर नया कार्ड भेजेंगे।

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